समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खखरेरू में लापरवाही के आरोप, मरीजों को लिखी जा रही बाहर की दवाएं

खखरेरू फतेहपुर
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) खखरेरू इन दिनों चिकित्सकीय लापरवाही और अव्यवस्थाओं के आरोपों को लेकर चर्चा में है। निर्धारित समय सुबह 8 बजे अस्पताल खुलने के बावजूद डॉक्टरों और कर्मचारियों के समय पर न पहुंचने से दूर-दराज से आने वाले मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है।
मरीजों का आरोप है कि अस्पताल में न तो समय पर पर्चा बनाने वाला कर्मचारी मिलता है और न ही इलाज करने के लिए डॉक्टर उपलब्ध रहते हैं। इससे गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को मजबूरी में निजी और झोलाछाप चिकित्सकों का सहारा लेना पड़ रहा है।
एक मरीज ने नाम न प्रकाशित करने की शर्त पर बताया कि उन्हें सीने में दर्द की शिकायत थी, लेकिन अस्पताल में पर्चा बनाने वाला कर्मचारी नहीं मिलने के कारण उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ा और समय पर उपचार नहीं मिल सका।
इलाज के लिए आए हरदासपुर निवासी प्रदीप मिश्रा और गुरगौला गांव की नीलम देवी सहित कई मरीजों ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों द्वारा पर्ची के पीछे बाहर से दवाएं लिखी जा रही हैं। मरीजों का कहना है कि इससे उन्हें मजबूरन निजी मेडिकल स्टोर से महंगी दवाएं खरीदनी पड़ती हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी अस्पताल में मुफ्त या सस्ती चिकित्सा सुविधा मिलने की उम्मीद लेकर आने वाले गरीब मरीजों को बाहर की दवाएं खरीदने के लिए मजबूर किया जा रहा है, जिससे उन पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
अधीक्षक ने कहा— जानकारी नहीं
इस संबंध में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. राजू राव से संपर्क किया गया। उन्होंने बताया कि वे अवकाश पर हैं और उन्हें मामले की जानकारी नहीं है।
स्थानीय लोगों ने स्वास्थ्य विभाग से मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।



