टास्क फोर्स और बैरियर चेकिंग के बीच भी नहीं थम रहा ओवरलोड परिवहन, रक्षपालपुर-बिछियावां मार्ग बना सेफ जोन
खखरेरू फतेहपुर जिले में ओवरलोड वाहनों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान और जिलाधिकारी तथा पुलिस अधीक्षक के सख्त निर्देशों के बावजूद खखरेरू थाना क्षेत्र में ओवरलोड मोरंग परिवहन का सिलसिला थमता नजर नहीं आ रहा है। रक्षपालपुर-बिछियावां मार्ग अंतर्जनपदीय मोरंग परिवहन का सुरक्षित मार्ग बनता जा रहा है, जहां से दिन-रात ओवरलोड ट्रैक्टर और ट्रक धड़ल्ले से गुजर रहे हैं।
प्रशासन की ओर से टास्क फोर्स गठित कर बैरियर पॉइंटों पर चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है, लेकिन इसके बावजूद ओवरलोड वाहनों का संचालन लगातार जारी है। क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि कार्रवाई के दावों के बीच वाहनों की आवाजाही पर प्रभावी रोक नहीं लग पा रही है। इससे प्रशासनिक सख्ती पर भी सवाल उठने लगे हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि रक्षपालपुर-बिछियावां मार्ग से होकर पड़ोसी जनपदों की ओर मोरंग से लदे वाहन लगातार गुजर रहे हैं। ओवरलोड वाहनों के कारण सड़कें क्षतिग्रस्त हो रही हैं और दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है। इसके बावजूद परिवहन पर अंकुश नहीं लग पा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि बैरियर पॉइंटों पर प्रभावी निगरानी और सघन चेकिंग की जाए तो ओवरलोड परिवहन पर काफी हद तक रोक लगाई जा सकती है। वहीं लगातार जारी इस खेल से यह सवाल भी उठ रहा है कि आखिर इतने व्यापक स्तर पर चल रहे ओवरलोड परिवहन को किसका संरक्षण प्राप्त है।
क्षेत्रवासियों ने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर ओवरलोड वाहनों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की मांग की है, ताकि सड़कों की सुरक्षा के साथ-साथ प्रशासनिक आदेशों का भी पालन सुनिश्चित हो सके।


