तूफान से फसलों को हुए नुकसान का सर्वे कराकर किसानों को मुआवजा दे प्रशासन : राष्ट्रीय समानता दल

स्वाभिमान जागरण मईल देवरिया।
बरहज। हाल ही में आए तूफान एवं तेज हवाओं के कारण तहसील बरहज क्षेत्र के विभिन्न गांवों में किसानों की धान सहित अन्य फसलों को भारी नुकसान हुआ है। खेतों में खड़ी फसलें गिर जाने से किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। फसल क्षति का सर्वेक्षण कराकर प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिलाने की मांग को लेकर राष्ट्रीय समानता दल सहित विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने सोमवार, 2 नवंबर को उप जिलाधिकारी बरहज को जनहित मांग-पत्र सौंपा।
इस अवसर पर राष्ट्रीय समानता दल के प्रदेश अध्यक्ष संजयदीप कुशवाहा ने कहा कि किसान पहले से ही महंगाई, खाद-बीज की बढ़ती कीमतों और खेती की लागत से परेशान हैं। प्राकृतिक आपदा ने उनकी आर्थिक स्थिति और कमजोर कर दी है। प्रशासन को संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल गांव-गांव में सर्वेक्षण कराना चाहिए, ताकि कोई भी प्रभावित किसान मुआवजे से वंचित न रहे।
खेमयू सीपीआई के प्रदेश सचिव विनोद सिंह ने कहा कि किसानों की फसल बर्बाद होना केवल व्यक्तिगत नुकसान नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए भी गंभीर संकट है। सरकार और प्रशासन की जिम्मेदारी है कि आपदा प्रभावित किसानों को समय पर आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाए।
सीपीआई देवरिया के जिला सचिव अरविन्द कुशवाहा ने कहा कि राजस्व एवं कृषि विभाग की संयुक्त टीम गठित कर निष्पक्ष सर्वेक्षण कराया जाए और वास्तविक नुकसान के आधार पर किसानों को उचित क्षतिपूर्ति दी जाए। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के पात्र किसानों को भी बीमा का लाभ शीघ्र दिलाया जाए।
राष्ट्रीय समानता दल के देवरिया जिला प्रवक्ता श्रवण कुमार पटेल ने कहा कि सर्वेक्षण और मुआवजा वितरण की प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए। प्रभावित किसानों के खेतों का स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट शासन को भेजी जाए तथा राहत राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में समयबद्ध तरीके से भेजी जाए।
प्रतिनिधिमंडल ने उप जिलाधिकारी से मांग की कि तहसील बरहज के सभी प्रभावित गांवों में तत्काल फसल क्षति का आकलन कराकर किसानों को नियमानुसार मुआवजा दिलाने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
प्रमुख मांग: संयुक्त सर्वेक्षण, वास्तविक फसल क्षति का आकलन, फसल बीमा क्षतिपूर्ति और प्रभावित किसानों को समयबद्ध मुआवजा।ज्ञापन में राजेंद्र पाल, मुस्तफा, वीरेंद्रयादव, रामरेखा पटेल इत्यादि लोग उपस्थित रहें।



