हत्यारोपियों का इंकाउंटर और सरकारी भूमि पर बने निर्माण पर बुलडोजर आदि मांगों को लेकर चार घंटे सड़क जाम
संघ कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी का शव रखकर प्रदर्शन


चार घंटे लार-सलेमपुर मार्ग पर शव रखकर प्रदर्शन
आक्रोश के आगे बेबस दिखा प्रशासन , सड़क पर गूंजते रहे सवाल
एडीएम प्रशासन के चार सूत्रीय मांगों पर आश्वासन के बाद हटाया गया शव
हत्यारोपियों का हो इंकाउंटर
सरकारी जमीन पर बने निर्माण पर चले बुलडोजर
लार थाना क्षेत्र के भीखम छपरा गांव में संघ कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी की हत्या के बाद शुक्रवार को लार-सलेमपुर मार्ग पर करीब चार घंटे तक आक्रोश का सैलाब देखने को मिला। पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचते ही परिजन और ग्रामीण शव लेकर लार थाने के गेट के सामने सड़क पर बैठ गए। शव सड़क पर रखे जाने से लार-सलेमपुर मार्ग पर आवागमन ठप हो गया। प्रदर्शनकारियों में पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर जबरदस्त नाराजगी थी।
दोपहर करीब तीन बजे शुरू हुआ प्रदर्शन शाम तक चलता रहा। सड़क पर शव रखकर लोग कार्रवाई और न्याय की मांग करते रहे। मौके पर मौजूद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास करते रहे, लेकिन आक्रोशित लोग अपनी मांगों पर अड़े रहे। इस दौरान पुलिस की पूर्व कार्रवाई को लेकर भी लोगों की नाराजगी खुलकर सामने आई।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर तैनात रहा। अधिकारी प्रदर्शनकारियों से वार्ता कर रास्ता खुलवाने का प्रयास करते रहे, लेकिन कई दौर की बातचीत के बाद भी बात नहीं बनी।
रामेश्वर तिवारी की हत्या की सूचना के बाद गांव पहुंचे डीआईजी एस. चन्नपा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक को कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद लार थाना प्रभारी, हल्का दरोगा और बीट के दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया गया। वहीं लार थाने की कमान निर्भय कुमार को सौंपी गई।
पुलिस विभाग की इस कार्रवाई के बाद भी परिजनों और ग्रामीणों का आक्रोश शांत नहीं हुआ। पोस्टमार्टम के बाद शव पहुंचते ही प्रदर्शन शुरू हो गया और चार सूत्रीय मांगों को लेकर लोग सड़क पर डटे रहे।
करीब चार घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद अपर जिलाधिकारी प्रशासन प्रेम नारायण सिंह धरना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों और परिजनों से बातचीत की तथा उनकी चार सूत्रीय मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने का आश्वासन दिया।
अधिकारियों के आश्वासन के बाद प्रदर्शनकारियों ने सड़क से शव हटाया। इसके साथ ही लार-सलेमपुर मार्ग पर आवागमन बहाल हो सका।
इस अवसर पर एडिशनल एसपी सुनील कुमार सिंह, उप जिलाधिकारी क्षितिज द्विवेदी, सीओ भाटपार मनोज कुमार, सीओ सलेमपुर गौरव सिंह सहित बड़ी संख्या में प्रशासन व पुलिस विभाग के लोग जमे रहे।



